सिंहासन था या प्रभो किसी जन्म की व्याधि।

मातु समाईं धरणि में,प्रभु को सलिल समाधि।।सुरेश साहनी

Comments

Popular posts from this blog

भोजपुरी लोकगीत --गायक-मुहम्मद खलील