हाँ में हाँ ही न मिलाते रहिये।

मेरी कमियाँ भी बताते रहिये।।


मौत ख़ामोश करेगी बेशक़

ज़ीस्त तो गीत है गाते रहिये।।


साथ कोई नहीं रोने वाला

इसलिए हँसते हँसाते रहिये।।


ज़िन्दगी छीन न ले बेवज़नी

दर्द के बोझ बढाते रहिये।।


हर घड़ी ताजगी रखिये रुख पर

प्यार के फूल बिछाते रहिये।।


आपकी फैन रहेगी दुनिया

कुछ नया रोज सुनाते रहिये।।


सुरेश साहनी, कानपुर

9451545132

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